← back to browse · #3510
लक्ष्मीसागरसूरि विवाहलुं
by कवियण · 17 · गुजराती
Details
Source
View this manuscript on the LD Institute of Indology catalogue:
Open on ldindology.org ↗Share
https://mss-mirror.vercel.app/manuscript/3510
Related manuscripts
नेमराजीमती बारमास
कवियण
1815
गीत
दिवालीगीत
कवियण
1815
गीत
माननी सज्झाय
कवियण
19
गीत
लुंकटमत गीत
कवियण
18
चर्चा-गीत
स्वाध्याय
कवियण
18
उपदेश
भडली-महामाया-भैरवी मेघमाला रास
कवियण
1890
ज्योतिष
सुमतिस्तवन
कवियण
18
स्तुति
पद्मप्रभप्रभुस्तवन
कवियण
18
स्तुति
बारमास नेमराजुल
कवियण
19
गीत
वयरागररास
कवियण
17
(वैराग्य) चरित्र
अमरकुंवर सज्झाय
कवियण
20
गीत
सुकोशल मुनि सज्झाय
कवियण
18
गीत